तीन वार रूम, 10700 ट्रेन, 3000 रिजर्व रेल… छठ पर घर जाने वालों के लिए रेलवे की तगड़ी तैयारी !
War Roomदिवाली के बाद बस और ट्रेनों में छठ पूजा पर घर जाने वालों की भीड़ देखी जा रही है. अगर आप भी छठ पूजा पर घर जाने की तैयारी कर रहे हैं तो रेलवे के खास इंतजाम को जरूर नोटिस कीजिएगा. छठ के मौके पर स्टेशनों पर यात्रियों की भीड से निपटने के लिए रेलवे ने खास तरह के इंतजाम किये हैं. इतना ही नहीं भीड से निपटने के लिए डिवीजन, जोनल और बोर्ड लेवल पर तीन वार रूम तैयार किये गए हैं. स्टेशनों पर यात्रियों की भीड़ के हिसाब से फैसले लिये जा रहे हैं. मीडिया से बातचीत करते हुए अश्विनी वैष्णव ने ‘वार रूम’ के काम करने के तरीके पर कहा कि हमने 10,700 ट्रेनों को चलाया है. आईआरटीसीटी (IRCTC) के जरिये ट्रेनों की टाइम लिस्ट को जारी कर दिया गया है. इसके अलावा 3,000 ट्रेनों को रिजर्व में रखा गया है. रिजर्व ट्रेनों के जरिये अचानक भीड बढ़ने पर ट्रेनों की सप्लाई को बढ़ाया जा सकेगा. केंद्रीय मंत्री ने उदाहरण देते हुए समझाया कि सूरत के उधना रेलवे स्टेशन पर 18 अक्टूबर को काफी भीड देखी गई थी.18 अक्टूबर की भीड़ के बारे में बताते हुए उन्होंने कहा कि उस समय वार रूम से आसपास के स्टेशनों पर रखी गई रिजर्व ट्रेनों को बुलाया गया और तुरंत समस्या को सुलझाया गया. इसी तरह की स्थिति एक दिन अंबाला में भी देखी गई, तो जलंधर और उसके आसपास रिजर्व खड़ी ट्रेनों की सप्लाई बढ़ाकर भीड़ को स्टेशन पर कम किया गया. उन्होंने आगे बताया कि इस साल बिहार में गंतव्य की संख्या को बढ़ाकर 18 कर दिया गया, जबकि पिछले साल यह आंकड़ा 7 था. रेलवे ने यात्रियों की भीड़ पर नजर रखने और उनका प्रबंधन करने के लिए रेल भवन में भी एक वॉर रूम स्थापित किया है. केंद्रीय मंत्री ने बताया कि यह कमांड सेंटर रियल टाइम पर निगरानी रखने में सक्षम है और अधिकारियों को भीड़भाड़, यात्रियों की शिकायतों और संभावित घटनाओं का तुरंत समाधान करने में सक्षम बनाता है. वॉर रूम पूरे रेलवे नेटवर्क की देखरेख करने वाली एक प्रभावी प्रणाली के रूप में विकसित हो चुका है. इसमें रेलवे बोर्ड, जोनल और डिवीजन लेवल पर80 से ज्यादा वॉर रूम एक्टिव हैं।




