सुप्रीम कोर्ट का बड़ा फैसला: ‘पिता की वसीयत सर्वोपरि’, समुदाय से बाहर शादी पर बेटी को संपत्ति में हिस्सा नहीं
सुप्रीम कोर्ट ने हाल ही में एक अहम फैसले में पिता की वसीयत को सही ठहराया, जिसमें उन्होंने अपनी बेटी को ‘समुदाय से बाहर शादी करने के कारण संपत्ति से बेदखल कर दिया था; कोर्ट ने कहा कि वसीयतकर्ता (पिता) की इच्छा सर्वोपरि है और इक्विटी (न्याय) के आधार पर इसे बदला नहीं जा सकता, जिससे निचली अदालतों के फैसले पलट गए जिन्होंने संपत्ति को सभी बच्चों में बराबर बांटने का आदेश दिया था, और यह स्थापित किया कि वसीयतकर्ता की इच्छा को कानून का सम्मान मिलना चाहिए।




